Kajari Teej 2025 : हिंदू धर्म में कजरी तीज का व्रत सुहागिन महिलाओं के पति की लंबी आयु और कुंवारी कन्याओं के लिए मनचाहा वर पाने के लिए जाना जाता है। इस व्रत में सभी महिलाएं और कुंवारी कन्याएं भगवान शिव और माता पार्वती की विशेष पूजा करती हैं
Kajari Teej 2025 : हिंदू धर्म में कजरी तीज का व्रत सुहागिन महिलाओं के पति की लंबी आयु और कुंवारी कन्याओं के लिए मनचाहा वर पाने के लिए जाना जाता है। इस व्रत में सभी महिलाएं और कुंवारी कन्याएं भगवान शिव और माता पार्वती की विशेष पूजा करती हैं और अपनी मनोकामनाएं पूरी करने की प्रार्थना करती हैं। कजरी तीज का त्योहार हर साल भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है। इस दिन किन बातों का ध्यान रखना चाहिए और भगवान शिव और माता पार्वती का आशीर्वाद कैसे प्राप्त करें? इस वर्ष 2025 में कजरी तीज 12 अगस्त, मंगलवार को मनाई जाएगी। इस दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखती हैं और शिव-शक्ति की विधि-विधान से पूजा करती हैं। मान्यता है कि इस व्रत को रखने से घर में खुशहाली आती है और संतान सुख की भी प्राप्ति होती है।
कजरी तीज के दिन क्या करें?
कजरी तीज के दिन ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करें और व्रत का संकल्प लें।
महिलाओं को व्रत रखना चाहिए और विधि-विधान से भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करनी चाहिए।
मनोवांछित फल पाने के लिए महिलाओं को रुद्राक्ष की माला धारण करनी चाहिए।
इस दिन व्रत और पूजा के साथ-साथ बड़ों का आशीर्वाद भी लेना चाहिए।
घर में सुख-शांति और समृद्धि के लिए व्रती महिलाओं को पूजा के बाद कन्याओं को भोजन कराना चाहिए।
कजरी तीज पर क्या न करें?
कजरी तीज पर महिलाओं को सफेद वस्त्र पहनने से बचना चाहिए।
कजरी तीज पर पति से भूलकर भी झगड़ा या मनमुटाव न करें। इससे घर की उन्नति रुक जाती है।
इस दिन व्रत रखकर शिव-शक्ति की पूजा की जाती है, इसलिए चुगली, निंदा और बुराई न करें।
इस दिन व्रत रखने वाली महिलाओं को झाड़ू लगाने से बचना चाहिए। इससे घर में धन की कमी होती है।
कजरी तीज पर व्रती महिलाओं को सोना नहीं चाहिए, बल्कि भजन-कीर्तन करना चाहिए।
सुखी वैवाहिक जीवन के उपाय
कजरी तीज की पूजा करते समय अपने पति की दीर्घायु और उत्तम स्वास्थ्य की कामना करें।
शिव पार्वती की मूर्ति की पूजा करते समय उनके सुखी वैवाहिक जीवन का स्मरण करें।
अपने पति को कोई अच्छा उपहार दें। इस दिन अपने पति के साथ समय बिताएँ।
अपने पति का सम्मान करें। उन्हें किसी भी तरह से ठेस न पहुँचाएँ।
कजरी तीज का महत्व
कजरी तीज का व्रत रखने और विधि-विधान से भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करने से पति-पत्नी के बीच प्रेम और विश्वास बढ़ता है। इस दिन महिलाएँ अपने वैवाहिक जीवन में सुख-समृद्धि के लिए भगवान शिव और माता पार्वती से प्रार्थना करती हैं। इससे वैवाहिक जीवन में प्रेम बना रहता है और जीवन की परेशानियों से मुक्ति मिलती है।