।। शिवजी का भजन - Lord Shiva Bhajan ।।
मुझे कहां मिलेंगे भोलेनाथ नंदी बोल जरा
(Mujhe Kaha Milenge Bholenath Nandi Bol Jara)
मुझे कहां मिलेंगे भोलेनाथ नंदी बोल जरा॥
बोल, जरा ओ नंदी, बोल जरा ॥
मैं तो ढूँढूँ, दिन और रात, नंदी बोल जरा ॥
मुझे कहां मिलेंगे भोलेनाथ नंदी बोल जरा
पर्वत, नदियों में, जाकर ढूँढा ॥
सागर, से भी, मैंने पूछा ॥
वो तो गंगा, ले गए साथ, नंदी बोल जरा ॥
मुझे कहां मिलेंगे भोलेनाथ नंदी बोल जरा
नाग, लोक में, जाकर ढूँढा ॥
सर्पों, से भी, मैंने पूछा ॥
वो तो नाग, ले गए साथ, नंदी बोल ज़रा ॥
मुझे कहां मिलेंगे भोलेनाथ नंदी बोल जरा
नील, गगन में, जाकर ढूँढा ॥
तारों, से भी, मैंने पूछा ॥
वो तो चंदा, ले गए साथ, नंदी बोल जरा ॥
मुझे कहां मिलेंगे भोलेनाथ नंदी बोल जरा
बागों, में भी, जाकर ढूँढा ॥
फ़ूल और, कलियों से भी, मैंने पूछा ॥
वो तो भंगिया, ले गए साथ, नंदी बोल जरा ॥
वो तो भंगिया ले गये साथ, नंदी बोल जरा,
कीर्तन, में भी, जाकर ढूँढा ॥
भक्तों, से भी, मैंने पूछा ॥
वो तो डमरू, ले गए साथ, नंदी बोल जरा ॥
मुझे कहां मिलेंगे भोलेनाथ नंदी बोल जरा ॥