facebook pixel
विज्ञापन
Home  dharm  sawan 2026 sawan maah me jaroor rakhe ye 5 vrat milega bahut labh

Sawan 2026 : सावन माह में जरूर रखें ये 5 व्रत, घर में आएगी सुख -समृद्धि

jeevanjaliPublished by:
कोमल शर्मा
सार

Sawan 2026 : सावन का पवित्र महीना 30 जुलाई से शुरू हो रहा है। इस महीने में कई त्योहार आते हैं, लेकिन कुछ खास दिनों का विशेष महत्व है। शिव पुराण और पद्म पुराण में इन दिनों व्रत रखने और पूजा-पाठ करने के महत्व के बारे में बताया गया है।

Sawan 2026 :
Sawan 2026 : सावन का पवित्र महीना 30 जुलाई से शुरू हो रहा है। इस महीने में कई त्योहार आते हैं, लेकिन कुछ खास दिनों का विशेष महत्व है। शिव पुराण और पद्म पुराण में इन दिनों व्रत रखने और पूजा-पाठ करने के महत्व के बारे में बताया गया है। हालांकि बहुत से लोग इस महीने में 'सावन सोमवार' का व्रत रखते हैं या '16 सोमवार' का व्रत शुरू करते हैं लेकिन ये पांच खास व्रत रखने से अनुशासन की आग में इंसान का अहंकार, इच्छाएं और तनाव खत्म हो जाते हैं।इसके अलावा, सावन में कई और भी महत्वपूर्ण दिन होते हैं, जब व्रत रखने से न केवल आत्म-शुद्धि होती है, बल्कि भक्त के जीवन में खुशी और समृद्धि भी आती है। आइए आपको सावन के उन त्योहारों और व्रतों के बारे में बताते हैं जो आपके जीवन को बेहतर बनाने में मदद कर सकते हैं।

सावन सोमवार व्रत

तारीखें: 3, 10, 17, 24 अगस्त
सावन के सभी सोमवार को व्रत रखना बहुत शुभ माना जाता है। माना जाता है कि इन सोमवार को व्रत रखने से आपकी आत्मा और मन दोनों मजबूत होते हैं, जिससे आप अपने लक्ष्यों पर बेहतर ध्यान केंद्रित कर पाते हैं और अपनी इच्छाओं को काबू में रख पाते हैं।

सावन प्रदोष व्रत

तारीखें: 10 अगस्त (सोम प्रदोष), 25 अगस्त (भौम प्रदोष)
एक साल में 24 प्रदोष व्रत होते हैं। सावन के दौरान प्रदोष व्रत रखना पूरे साल प्रदोष व्रत रखने के बराबर माना जाता है। इस साल भी सावन के महीने में दो प्रदोष व्रत पड़ रहे हैं। सोम प्रदोष और भौम प्रदोष व्रत रखने से आप बाधाओं, कष्टों और पिछले कर्मों से पैदा हुई नकारात्मक ऊर्जा से मुक्ति पा सकते हैं। प्रदोष व्रत पिछले गलत कामों के पापों को धोने, जीवन में नई सकारात्मक ऊर्जा लाने और पापों के आध्यात्मिक बोझ को कम करने का मौका देता है। इस व्रत के दौरान कोई भी व्यक्ति जप, तप, दान, तीर्थ यात्रा, प्रायश्चित और क्षमा-याचना जैसे धार्मिक कार्यों में शामिल हो सकता है।

सावन शिवरात्रि व्रत

सावन शिवरात्रि व्रत की तारीख: 11 अगस्त
सावन शिवरात्रि का बहुत महत्व है। इस दिन, कांवड़ यात्रा करने वाले श्रद्धालु अपनी कांवड़ में लाया गया जल भगवान शिव को अर्पित करते हैं। सावन के महीने में इस दिन को एक त्योहार की तरह मनाया जाता है। भक्त भगवान शिव और माता पार्वती को समर्पित व्रत रखते हैं। यह रात बहुत पवित्र मानी जाती है क्योंकि इस समय शिव की ऊर्जा अपने चरम पर होती है। इस दिन व्रत रखने और रुद्राभिषेक, जप व ध्यान करने से आत्मा शुद्ध होती है।

मंगला गौरी व्रत

मंगला गौरी व्रत की तारीखें: 4, 11, 18, 25 अगस्त
सावन के महीने में सिर्फ सोमवार ही नहीं, बल्कि मंगलवार भी बहुत खास होते हैं। इस महीने के हर मंगलवार को मंगला गौरी व्रत रखना बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। इस साल सावन में चार मंगलवार पड़ रहे हैं। ये व्रत मुख्य रूप से महिलाएं रखती हैं; अखंड सौभाग्य पाने के लिए तय नियमों और रीति-रिवाजों का पालन करना ज़रूरी है। मंगला गौरी व्रत में उपवास रखा जाता है और तय रीति-रिवाजों के अनुसार माता पार्वती की पूजा की जाती है।

नाग पंचमी व्रत

नाग पंचमी व्रत की तारीख: 17 अगस्त
सावन के महत्वपूर्ण व्रतों में से एक, नाग पंचमी का व्रत भक्तों को पितृ दोष से मुक्ति दिलाता है। नागों को भगवान शिव का आभूषण माना जाता है; इस दिन उनकी पूजा करने से डर, बीमारी और नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है। इसलिए, अगर शारीरिक रूप से सक्षम हों, तो सावन के इन पांच व्रतों को सही रीति-रिवाजों के साथ ज़रूर रखना चाहिए।

ये भी पढ़ें -  सावन में शिव पूजा के दौरान किन मंत्रों का करें जाप, कैसे पूरी होगी कामना? जानें नियम

Sawan Mantra: सावन में शिव पूजा के दौरान किन मंत्रों का करें जाप, कैसे पूरी होगी कामना? जानें नियम 

Sawan Daan Niyam: सावन के पहले दिन किन चीजों का करें दान, जानें नियम और धार्मिक महत्व 

Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी ज्योतिषीय, पौराणिक और धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से प्रस्तुत की गई है। अधिक जानकारी के लिए कृपया संबंधित विषय के विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य करें।
 

धार्मिक कहानियां सुनने और पढ़ने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ें।

WhatsApp Channel