Akshaya Tritiya 2025 Upay: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अक्षय तृतीया यानी वह तृतीया तिथि, जो कभी समाप्त नहीं होती। बता दें कि वैशाख माह के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को अक्षय तृतीया के नाम से जाना जाता है।
Akshaya Tritiya 2025 Upay: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अक्षय तृतीया यानी वह तृतीया तिथि, जो कभी समाप्त नहीं होती। बता दें कि वैशाख माह के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को अक्षय तृतीया के नाम से जाना जाता है। इस वर्ष अक्षय तृतीया 30 अप्रैल बुधवार को है। पंचांग के अनुसार इस बार अक्षय तृतीया पर तृतीया तिथि 30 अप्रैल को शाम 6 बजे तक मान्य है।
अक्षय तृतीया के अवसर पर शोभन योग और रोहिणी नक्षत्र का संयोग बन रहा है। दोपहर के समय चंद्रमा वृषभ राशि में रहेगा। शास्त्रों के अनुसार अक्षय तृतीया पर समुद्र में स्नान करने का विशेष महत्व है। इस दिन स्नान के बाद दोपहर में सत्तू, चीनी, जल, मौसमी फल, मिठाई, पंखा आदि दान करना चाहिए। अक्षय तृतीया पर खीर का उपाय करने से घर साल भर धन-धान्य से भरा रहता है।
अक्षय तृतीया पर मां जगदंबा को मिला था अक्षय पात्र
पौराणिक कथाओं के अनुसार आदिशक्ति मां जगदंबा जब बाल अवस्था में थीं, तब उन्हें अक्षय तृतीया के दिन ऋषियों से अक्षय पात्र प्राप्त हुआ था। ऋषियों ने उन्हें आशीर्वाद दिया था कि अक्षय पात्र में रखा हुआ भोजन कभी समाप्त नहीं होगा। वह पात्र हमेशा अन्न से भरा रहेगा।
अक्षय तृतीया 2025 खीर उपाय
अक्षय तृतीया के दिन पीतल के बर्तन या अन्य बर्तन में खीर बनानी चाहिए।
बता दें कि अक्षय तृतीया के दिन खीर बनाने के लिए गाय के दूध का इस्तेमाल करना चाहिए।
खीर तैयार होने पर सबसे पहले मां अन्नपूर्णा की पूजा करें और उन्हें भोग लगाएं।
भोग लगाने के बाद उस खीर को परिवार के सभी सदस्यों को खाने के लिए दें।
जिस बर्तन में खीर बनाई गई है, उसे चावल या गेहूं से भर दें।
इस बर्तन को पूरे साल ऐसे ही रहने दें।
माता अन्नपूर्णा की कृपा से आपका घर वर्ष भर धन-धान्य से भरा रहेगा।
अन्न आदि की कमी नहीं होगी।
परिवार के सभी सदस्य सुखपूर्वक रहेंगे। विवाद की स्थिति नहीं बनेगी।