।। खाटू श्याम जी का भजन - Lord Khatu Shyam Bhajan ।।
खाटू वाला श्याम ही तो हारों का सहारा है
(Khatu Wala Shyam hi To Haron Ka Sahara Hai)
खाटू वाला श्याम ही तो, हारों का सहारा है
लिया उसको गोद में, जिसने पुकारा है
मैं फूला ना समाऊँ यहाँ
यही सच्चा दवारा है, मिले डूबे को किनारा है
यही सच्चा दवारा है, मिले डूबे को किनारा है
श्याम ध्वजा ले हाथ में, पहली बार जो आता है
तोरण द्वार से ही, साँवरे को संग पाता है
ओ अब दिल उसका कहे
ओ अब दिल उसका कह
खाटू धाम हमारा है, यहाँ आना दुबारा है
यही सच्चा दवारा है, मिले डूबे को किनारा है
खाटू में ही शीश है, जग के महादानी का
खाटू में ही बन जाता, रुका काम प्राणी का
ओ तीन बाणधारी का
ओ तीन बाणधारी का
हमनें रूप निहारा है, और तन मन वारा है
यही सच्चा दवारा है, मिले डूबे को किनारा है
खाटू का है हर कण हीरा, चंदन यहाँ की माटी है
श्याम कुण्ड की धारा, मोरछड़ी कष्ट मिटाती है
ओ भोग पीताम्बरी का
ओ भोग पीताम्बरी का
लगे सबने प्यारा है, तेरे पार्थ ने विचारा है
यही सच्चा दवारा है, मिले डूबे को किनारा है