Ganesh ji Bhajan Lyrics In Hindi: सनातन धर्म में बुधवार का बहुत ही खास महत्व है। क्योंकि इस दिन जगत के रक्षक भगवान श्री कृष्ण और गणेश जी की विशेष पूजा की जाती है। साथ ही सभी संकटों को दूर करने के लिए व्रत भी किया जाता है। धार्मिक मान्यता है कि सच्चे मन से भगवान गणेश की पूजा करने से घर में सुख, समृद्धि और खुशहाली आती है। अगर आप भी गणपति बप्पा की कृपा पाना चाहते हैं तो बुधवार के दिन सुबह स्नान करने के बाद गणेश जी की विधिवत पूजा करें। आइए जानते हैं गणपति बप्पा की पूजा विधि के बारे में।
गौंरी सुत गणराज गजानन
(Gauri Sut Ganraj Gajanan Bhajan)
गौरी सुत गणराज गजानन,
विघ्न हरण मंगल कारी,
जो नर तुमको प्रथम मनावे,
जो नर तुमको प्रथम मनावे,
दुविधा मिट जावे सारी,
गौंरी सुत गणराज गजानन,
विघ्न हरण मंगल कारी ॥
प्रथम पूज्यनिय तू है बाबा तेरा,
सबसे पहले ध्यान किया,
बाधाओं से मुक्ति पाने,
तेरा ही आह्वान किया,
आओ सवारो काज हमारे,
बल बुद्धि के भंडारी,
गौंरी सुत गणराज गजानन,
विघ्न हरण मंगल कारी,
गौंरी सुत गणराज गजानन ॥
शिव शंकर के लाल पधारो,
आज हमारे कीर्तन में,
आकर पूरी कर देना प्रभु,
जो भी आशा है मन में,
तेरे स्वागत की कर ली है,
हमने सारी तैयारी,
गौंरी सुत गणराज गजानन,
विघ्न हरण मंगल कारी,
गौंरी सुत गणराज गजानन ॥
रिद्धि सिद्धि को भी संग में लाना,
गौरीपुत्र गणेश मेरे,
भर देना भंडार हमारे,
बिगड़े काम बने मेरे,
रखना हरी भरी प्रभु तुम हरदम ,
भक्तों की ये फुलवारी,
गौंरी सुत गणराज गजानन,
विघ्न हरण मंगल कारी,
गौंरी सुत गणराज गजानन ॥
गौरी सुत गणराज गजानन,
विघ्न हरण मंगल कारी,
जो नर तुमको प्रथम मनावे,
जो नर तुमको प्रथम मनावे,
दुविधा मिट जावे सारी,
गौंरी सुत गणराज गजानन,
विघ्न हरण मंगल कारी ॥